'विपक्ष' के 'सरकार' बन जाने तक प्रतीक्षा कीजिए!

[dc]भा[/dc]रतीय राजनीति के पिछले डेढ़ दशक का लेखा-जोखा अगर खंगालें तो अरुण जेटली ने अटलजी की सरकार के मंत्री के रूप में वर्ष 1999 से 2004 के बीच कई मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली। इनमें सूचना एवं प्रसारण, विनिवेश, कानून, न्याय और कंपनी मामले, उद्योग एवं वाणिज्य, जहाजरानी आदि मंत्रालय शामिल हैं। पर वित्त से अरुण […]

जमीनी उम्मीदों के पहले सपनीला सफर?

[dc]मो[/dc]दी सरकार के ‘स्वप्निल’ रेल बजट पर किसी भी तरह की प्रतिक्रिया व्यक्त करने के लिए कुछ समय प्रतीक्षा करनी चाहिए। रेल मंत्री डीवी सदानंद गौड़ा द्वारा पेश किया गया बजट इस मायने में ‘स्वप्निल’ है कि उसमें सरकार ‘रील लाइफ’ को ‘रीयल लाइफ’ में बदलने का साहस दिखाना चाहती है। निश्चित ही ऐसा सपना […]

'क्योंकि' कांग्रेस चुनाव हार गई है!

[dc]कां[/dc]ग्रेस पार्टी अपने लिए तो इन सामंतवादी संस्कारों से मुक्ति नहीं पाना चाहती है कि शासन तो कोई ‘कम पढ़ा’ भी चला सकता है और कि उत्तराधिकारी की ‘अयोग्यता’ पर उसके स्थापित चापलूस भी अंगुली नहीं उठा सकते। पर स्मृति ईरानी की केवल ‘बारहवीं पास’ पढ़ाई और मानव संसाधन मंत्रालय जैसी जिम्मेदारी उठा पाने की […]

…यह उस क्षण का 'क्लाइमेक्स' था

[dc]को[/dc]ई चार हजार से अधिक विशिष्ट, अति-विशिष्ट और अति-अति-विशिष्ट आमंत्रितों की उपस्थिति में राष्ट्रपति भवन की सीढ़ियों और वहां स्थित ‘जयपुर स्तंभ’ के बीच में पसरे हुए खूबसूरत स्थान पर सोमवार शाम संपन्न् हुए बहुप्रतीक्षित समारोह की केवल दो खूबियां थीं। पहली तो थी: दक्षिण एशिया क्षेत्रीय सहयोग संगठन (सार्क) के ताकतवर राष्ट्र-प्रमुखों का दुनिया […]

शरीफ का साहस वाजपेयी युग की वापसी है

[dc]तृ[/dc]णमूल कांग्रेस की तेज-तर्रार नेता और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी नरेंद्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में नहीं आ रही हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने अपनी तमाम घरेलू दिक्कतों के बावजूद नई दिल्ली पहुंचने का फैसला कर लिया है। नवाज शरीफ को उनके साहस के लिए सेल्यूट किया जा सकता है। […]

अब माफी मांगने का वक्त भी गलत चुना

[dc]दि[/dc]ल्ली की जनता के विश्वास के साथ की गई ‘धोखाधड़ी’ के लिए ‘आम आदमी पार्टी’ के नेता अरविंद केजरीवाल ने तिहाड़ जेल में प्रवेश करने से पहले देश से माफी मांगी है। लोकसभा चुनाव में ‘आम आदमी पार्टी’ के अपेक्षित या अनपेक्षित सफाये के बाद केजरीवाल को इलहाम हुआ कि दिल्ली में सरकार के गिरने […]

'बहुमत' के बाद की जगह में भाजपा!

[dc]मो[/dc]दी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी या राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की सुनामी विजय को लेकर अलग-अलग अनुमान लगाए जा रहे हैं। एक अनुमान यह भी है कि जीत का ज्यादातर श्रेय भावी प्रधानमंत्री की ‘मार्केटिंग व मीडिया स्ट्रेटेजी’ और कॉर्पोरेट्स द्वारा खर्च की गई हजारों करोड़ की धनराशि को दिया जाना चाहिए। इस […]

ऐतिहासिक विजय, विराट दायित्व

[dc]शु[/dc]क्रवार, 16 मई 2014 का दिन ऐतिहासिक बन गया है। देश में राजनीति की अब एक नई इबारत लिखी जाने वाली है। उस इबारत के शिल्पी नरेंद्र मोदी होंगे। नई दिल्ली, नरेंद्र मोदी के आगमन की उत्सुकता से प्रतीक्षा कर रही है। तय हो गया है कि अब वे ही भारत देश के अगले प्रधानमंत्री […]

प्रियंका को भी गुस्सा आता है!

[dc]प्रि[/dc]यंका गांधी का अपने आपको ‘आहत’ महसूस करना कांग्रेस के लिए संकट में राहत के सामान की तरह उपस्थित हुआ है। भारत की राजनीति अपनी बहुत सारी प्रेरणाएं (और चालें भी) महाभारत की कथाओं से प्राप्त करती है। पात्रों का पहले ‘आहत’ होना और फिर सत्य की रक्षा में प्रतिशोध की भावना के साथ कुरुक्षेत्र […]

'अच्छे दिन' आसानी से नहीं आएंगे

[dc]न[/dc]रेंद्र मोदी देश के मुसलमानों को अपने नजदीक लाना चाहते हैं, पर उनकी ही पार्टी और संघ परिवार से जुड़े कट्टरवादी संगठनों के कुछ नेता अपना पूरा प्रयास कर रहे हैं कि गुजरात के मुख्यमंत्री को अगर देश का प्रधानमंत्री पद संभालना है तो उन्हें एक हिंदूवादी नेता ही बने रहना पड़ेगा। ये नेता नहीं […]